मस्तिष्क और स्मरण शक्ति को बढ़ाने में लाभदायक हैं ये योगासन

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शरीर को चुस्त- दुरुस्त रखना हो तो योग से अच्छा उपाय कोई हो ही नहीं सकता। योग से हमें शारीरिक और मानसिक दोनों ही लाभ मिलते हैं। हमारे मस्तिस्क की शक्ति को बढ़ाने में भी योग का बड़ा ही प्रभावी योगदान होता है। 52 युवतियों पर किए गए एक शोध में ये पाया गया है कि नियमित योग से दिमाग स्वस्थ और तेज होता है। जो प्रतिदिन योग करते हैं, उनमें दिमाग को स्वस्थ और सुचारु रुप से काम करने के लिए आवश्यक ऑक्सीजन की उपलब्धता उच्च स्तर पर होती है। तो आइए जानते हैं कि वो कौन- कौन से योगासन हैं, जो हमारे मस्तिष्क की सक्रियता को बढ़ाने में मदद करते हैं।

सेतुबंध आसन-

इसे ब्रिज पोज भी कहा जाता है। ये आसन पीठ के बल पर लेट कर किया जाता है। इसमें शरीर का आकार काफी हद तक ब्रिज के समान हो जाता है। इसके लिए जमीन पर पीठ के बल लेट जाइए और फिर धीरे-धीरे नितंबों, पेल्विस और कमर को ऊपर उठाएं। इस अवस्‍था में 3 से 5 मिनट तक रहें। इस योग से मस्तिष्क में रक्त संचार बढ़ाता है। जिससे चिंता और तनाव को कम किया जा सकता है।

हलासन- इस आसन को करने से शरीर का आकार हल जैसा बन जाता है। हलासन मस्तिष्क में रक्त प्रवाह को बेहतर कर तंत्रिका तंत्र को शांत करता है। मस्तिष्क में रक्त का प्रवाह सही तरीके से होने पर हमारा दिमाग बेहतर रुप से काम करता है।

शीर्षासन-

इस आसन को सिर के बल उल्टा हो कर किया जाता है। इस आसन को करने से मस्तिष्क में बल्ड सर्कुलेशन सही होता है। जिससे हमारा दिमाग भ सक्रिय होता है और ग्रंथियों की कार्यप्रणाली दुरुस्त होती है। शीर्षासन को नियमित रुप से करने पर स्मरण शक्ति काफी बढ़ जाती है।

उत्तानासन-

ये आसन सीधे खड़े होकर किया जाने वाला एक प्रमुख योग है। यह आसन आपको काफी हद तक मानसिक संतुलन बनाने और मूड के उतार चढ़ाव को झेलने में मदद करेगा। यह थकान,चिंता, अवसाद, अनिद्रा और सिर दर्द जैसी परेशानियों से राहत दिलाता है। दिमागों उलझनों को दूर करने में उत्तानासन काफी फायदेमंद साबित होता है।         

बालासन-

ये आसन एड़ियों के बल पर बैठ कर किया जाने वाला आसन है। इसके नियमित अभ्यास से तनाव के अलावे शारीरिक और मानसिक रोगों को भी दूर किया जा सकता है। इससे अनिद्रा और चिड़चिड़ापन जैसी समस्याओं को भी दूर किया जा सकता है।

ध्यान-

ध्यान योग का महत्वपूर्ण अंग है। ये हमारे तन, मन और आत्मा के बीच सामंजस्य बनाता है। ध्यान तनाव कम करने में काफी लाभदायक होताहै। नियमित रुप से ध्यान करने पर मस्तिष्क की संरचना में बदलाव आता है। इस बदलाव की वजह से हमारी एकाग्रता बढ़ती है और स्मरण शक्ति भी अच्छी हो जाती है।

प्राणायाम-

मस्तिष्क को ठीक रखने में प्राणायाम का भी बड़ा योगदान होता है। नियमित प्राणायाम हमारे मस्तिष्क को एकाग्रता प्रदान करता है। जिससे हमारा दिमाग ज्यादा सक्रिय होता है। प्राणायाम के द्वारा दिमागी थकान और तनाव को दूर किया जा सकता है।  

निष्कर्ष

जीवन में सफलता हासिल करने के लिए शरीर और मन का स्वस्थ होना बहुत जरूरी होता है। ऐसे में योग एक ऐसा उपाय है जो हमारे शरीर और मन दोनों को मजबूती और ताजगी देता है। योग से जुड़ा हमारा ये लेख आपको कैसा लगा नीचे कमेंट बॉक्स में कमेंट कर के हमें जरूर बताएं।

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