12वीं के बाद सही करियर चुनने में कैसी हो पैरेंट्स की भूमिका?

2018
12th pass job

बच्चों का करियर बिल्कुल गणित की तरह है, जिसे सही तरीके से ढालने के लिए अभिभावकों को ऐसे फार्मूले की जरूरत होती है, जो करियर को सही दिशा में आगे ले जाए। Career Selection में Parents का Role अहम होता है। 12th के बाद Career का चुनाव करते वक्त Parents का Role और महत्वपूर्ण हो जाता है, क्योंकि यहीं से बच्चे की जिंदगी की असली परीक्षा शुरू होती है। 12th के बाद Career कैसे चुनें, इसे लेकर बच्चे अक्सर असमंसज में रहते हैं। 12th के बाद Career चुनने में पैरेंट्स की भी उन्हें मदद मिले तो वे बेहतर तरीके से इसका चुनाव कर सकते हैं। यहां हम आपको बता रहे हैं कि 12वीं के बाद बच्चों के करियर चुनने में पैरेंट्स किस तरह से अपनी भूमिका निभा सकते हैं, क्योंकि माता-पिता का अनुभव इस वक्त बहुत मददगार होता है।

करियर के चुनाव में पैरेंट्स की बदलती भूमिका

इसमें कोई दो राय नहीं कि आज के पैरेंट्स केवल एक अथॉरिटी फिगर बनकर नहीं रह गये हैं, बल्कि अपने बच्चों के लिए वे एक दोस्त, दार्शनिक और उनके मार्गदर्शक भी हैं। शिक्षा का वातावरण वर्तमान में बेहद गतिशील बन गया है। ऐसे में बच्चों को स्वतंत्रतापूर्वक अपने दम पर निर्णय लेने के लिए सिखाना बहुत ही जरूरी हो जाता है। इसमें सबसे बड़ी भूमिका पैरेट्स की होती है। पैरेंट्स अपने बच्चों को सबसे अच्छी तरह से समझते हैं। Career Selection में Parents का Role इसलिए भी वक्त के साथ बदल रहा है कि आज के वक्त में प्रतिस्पर्धा का माहौल है। ऐसे में करियर के विकल्पों पर नजर डालकर और अपने बच्चों की रुचि व क्षमता को ध्यान में रखकर पैरेट्स यदि अपने बच्चों को सुझाते हैं कि 12th के बाद Career कैसे चुनें, इससे बच्चों के लिए आगे की राहें आसान हो जाती हैं।

करियर के चुनाव के वक्त इन बातों का ध्यान रखें पैरेंट्स

कई ऐसे कारक हैं जो करियर के चयन की प्रक्रिया में बहुत महत्व रखते हैं। माता-पिता जब अपने बच्चों के लिए करियर के विकल्पों का चयन कर रहे होते हैं तो उनके लिए इन कारकों को समझना और उन पर विचार करना बेहद महत्वपूर्ण हो जाता है। सबसे महत्वपूर्ण कारक निम्नवत् हैं:

  • योग्यता: बच्चे की योग्यता से बच्चे के व्यक्तित्व, उसकी ताकत और उसकी कमजोरियों की पहचान होती है। ऐसे में उन्हें एक खास रणनीति बनाकर बच्चों का एप्टीट्यूड टेस्ट खुद से लेना चाहिए। इससे उनकी योग्यता को लेकर अच्छी परख हो जायेगी, जिससे उन्हें 12वीं के बाद किस क्षेत्र में करियर बनाना चाहिए, यह निर्णय लेना आसान हो जायेगा।
  • रुचि: किसी ऐसे क्षेत्र में काम करते हुए जिंदगी व्यतीत करना बहुत मुश्किल हो जाता है, जिसमें आपकी रुचि ही नहीं हो। इसलिए पैरेंट्स को अपने बच्चे के हितों को ध्यान में रखना चाहिए और उनकी रुचि के अनुसार ही उनके लिए उचित करियर के विकल्पों पर विचार करना चाहिए।
  • पाठ्यक्रम की उपलब्धता: 12वीं के बाद बच्चों के लिए करियर चुनते वक्त पैरेंट्स को इस बात का भी ध्यान रखना चाहिए कि जो पाठ्यक्रम वे उनके लिए चुन रहे हैं, वे आसानी से नजदीक में उपलब्ध हैं और उनके बच्चों पर इनकी वजह से किसी तरह का बोझ नहीं पड़ रहा है।
  • झुंड वाली मानसिकता से हटकर समझदारी से लें निर्णय: बच्चे के करियर का चुनाव करते वक्त पैरेंट्स अक्सर अपने सहकर्मी या परिचितों के दबाव में बह जाते हैं। उन्हें लगता है कि जो बाकी लोग कर रहे हैं, वही हम भी अपने बच्चों के लिए करें। कई बार ऐसा होता है कि पैरेंट्स अपने बच्चों के लिए वैसे करियर चुनने लगते हैं, जो ज्यादा ट्रेंड कर रहे हैं। ऐसा करना बड़ी भूल साबित हो सकता है, क्योंकि इसकी वजह से स्टूडेंट्स के प्रदर्शन में बाधा उत्पन्न होने लगती है। इसलिए यह जरूरी है कि पैरेंट्स बच्चों के लिए करियर चुनते वक्त अच्छी तरह से किसी क्षेत्र के बारे में जानकारी प्राप्त कर लें। इसके बाद वे वह निर्णय लें, जो उनके बच्चों के लिए सर्वोत्तम साबित हो।
  • संभावनाएं: संभावनाओं के बारे में पता कर लेना हमेशा ही फायदेमंद होता है। किसी विशेष पढ़ने के बाद उसमें करियर बनाने के किस तरह के मौके उपलब्ध हैं, इनकी जानकारी अच्छी तरह से प्राप्त कर लेना उचित होता है। किसी भी क्षेत्र का दायरा जितना बड़ा होता है, बच्चे को उस क्षेत्र में करियर बनाने में उतनी ही आसानी होती है, क्योंकि उसके पास उतने ही अधिक विकल्प भी मौजूद होते हैं।
  • प्रोत्साहन: 12th के बाद Career चुनने के वक्त Parents का Role यह भी होता है कि वे बच्चों को प्रोत्साहित करते रहें। बच्चों को क्या पसंद है और उन्हें क्या चाहिए, इसके हिसाब से पैरेंट्स का प्रोत्साहन होना चाहिए। यह प्रोत्साहन किसी वस्तु के रूप में या फिर तारीफ के रूप में भी हो सकता है।

पैरेंट्स को क्या करना चाहिए?

  • अपने बच्चे की योग्यता, ताकत और कमजोरियों का ठीक से मूल्यांकन कर लें।
  • बच्चों को उनका जुनून ढूंढ़ने में मदद करें।
  • अपने जुनून को आगे बढ़ाने के लिए अपने बच्चों को प्रेरित करें।
  • करियर के सभी पहलुओं के बारे में अपने बच्चों को बताएं।
  • जिस क्षेत्र में बच्चे करियर बनाना चाहते हैं, उस क्षेत्र के लोगों का उदाहरण देकर उसके बारे उन्हें समझाएं।
  • किसी चीज का आंख मूंदकर अनुसरण करने से अपने बच्चों को रोकें।
  • बच्चों के अंदर आत्मविश्वास जगाएं और किसी विषय पर चर्चा के लिए प्रेरित करें।

पैरेंट्स को क्या नहीं करना चाहिए?

  • बच्चों पर निर्णय थोपें नहीं, मार्गदर्शन करके उनके निर्णय को सही राह दिखाएं।
  • बच्चों पर अपनी अपेक्षाओं का बोझ न डालें।
  • 12th के बाद Career को लेकर बच्चों के साथ व्यवहार करते समय कभी धैर्य न खोएं।
  • समय के साथ करियर का दायरा भी बदलता है। इसलिए अपने पुराने विचारों को थोपने की कोशिश न करें।
  • अपनी पसंद का करियर बच्चों पर न थोपें।

निष्कर्ष

12th के बाद Career के चयन में Parents के Role की अहमियत को समझते हुए इस लेख में बताये गये तरीकों के अनुसार ही पैरेंट्स को अपने बच्चों के साथ पेश आना चाहिए।

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